How To Operate Whatsapp With Two Numbers Know Full Process In Hindi सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

How To Operate Whatsapp With Two Numbers Know Full Process In Hindi

अब एक फोन पर दो अलग-अलग नंबर से चला सकेंगे Whatsapp, जानें कैसे


How To Operate Whatsapp With Two Numbers Know Full Process In Hindi
Tech Diary


वैसे तो एक फोन पर एक ही नंबर से व्हाट्सएप (Whatsapp) चलाया जा सकता है, लेकिन आज हम आपको ऐसी खास ट्रिक बताने जा रहे है, जिससे आप आसानी से एक मोबाइल पर दो नंबर से व्हाट्सएप अकाउंट चला सकेंगे। साथ ही आप दो नंबर के जरिए चैटिंग भी कर पाएंगे। तो आइए जानते हैं कि कैसे आप एक स्मार्टफोन पर दो नंबर से व्हाट्सएप चला सकते हैं...




डुअल एप फीचर का करें उपयोग
आज के समय में हर एक स्मार्टफोन डुअल सिम के फीचर के साथ लॉन्च होता है। इस फीचर के जरिए यूजर्स एक फोन पर दो नंबर चला सकते हैं। मैसेजिंग एप व्हाट्सएप की बात करें तो इसे एक नंबर के साथ ऑपरेट किया जाता है। लेकिन, सैमसंग और हुवावे के कई ऐसे डिवाइसेज ऐसे हैं, जो डुअल मोड फीचर के आते हैं। इस फीचर के जरिए यूजर्स दो अलग-अलग नंबर के साथ किसी भी कॉन्टैक्ट के साथ चैटिंग चला सकते हैं।





ऐसे करें डुअल एप फीचर का इस्तेमाल 
डुअल फीचर एप का इस्तेमाल करने के लिए यूजर्स सबसे पहले मोबाइल की सेटिंग में जाकर डुअल एप्स सेटिंग वाले विकल्प को ओपन करें। इसके बाद आपको इस फीचर व्हाट्सएप का डुप्लीकेट बनाना होगा। व्हाट्सएप चुनने के बाद फोन की होम स्क्रीन पर जाएं और एप लॉन्चर पर दूसरे व्हाट्सएप पर क्लिक करें। अब यूजर्स इसमें दूसरे नंबर के साथ अपने कॉनटैक्ट से चैटिंग कर सकते हैं।

नोट : अगर आपके फोन में यह फीचर मौजूदा होगा, तभी आप दो अलग-अलग नंबर से व्हाट्सएप चला सकेंगे।





गूगल प्ले से भी चलाएं जा सकते हैं व्हाट्सएप अकाउंट 
बता दें कि कई मोबाइल यूजर्स एक सेवा के लिए अलग-अलग अकाउंट बना लेते हैं, जिससे वह एक समय पर दो नंबर से चैटिंग कर सकेंगे। तो ऐसे में गूगल प्ले स्टोर पर व्हाट्सएप के लिए कई सारे एप्स मौजूद हैं, जिनके जरिए दो अलग-अलग अकाउंट को चलाया जा सकता है। यदि आप भी व्हाट्सएप को दो नंबर से चलाना चाहते है, तो आपको प्ले स्टोर से पैरेलल स्पेस, एप क्लोनर, मल्टीपल अकाउंट्स, मल्टी, ड्यूल स्पेस और सुपर क्लोन प्रो एप को डाउनलोड करना होगा।





व्हाट्सएप का डार्क मोड
व्हाट्सएप (Whatsapp) ने कुछ दिनों पहले एंड्रॉयड और आईओएस यूजर्स के लिए डार्क मोड (Dark Mode) लॉन्च किया था। इस मोड के एक्टिवेट हो जाने पर यूजर्स की आंखों पर जोर नहीं पड़ता है और इससे फोन की बैटरी की खपत भी कम हो जाती है। हालांकि, डार्क मोड का सपोर्ट अब तक कुछ ही यूजर्स को मिला है। 

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

एक दिन अचानक हिंदी कहानी, Hindi Kahani Ek Din Achanak

एक दिन अचानक दीदी के पत्र ने सारे राज खोल दिए थे. अब समझ में आया क्यों दीदी ने लिखा था कि जिंदगी में कभी किसी को अपनी कठपुतली मत बनाना और न ही कभी खुद किसी की कठपुतली बनना. Hindi Kahani Ek Din Achanak लता दीदी की आत्महत्या की खबर ने मुझे अंदर तक हिला दिया था क्योंकि दीदी कायर कदापि नहीं थीं. फिर मुझे एक दिन दीदी का वह पत्र मिला जिस ने सारे राज खोल दिए और मुझे परेशानी व असमंजस में डाल दिया कि क्या दीदी की आत्महत्या को मैं यों ही व्यर्थ जाने दूं? मैं बालकनी में पड़ी कुरसी पर चुपचाप बैठा था. जाने क्यों मन उदास था, जबकि लता दीदी को गुजरे अब 1 माह से अधिक हो गया है. दीदी की याद आती है तो जैसे यादों की बरात मन के लंबे रास्ते पर निकल पड़ती है. जिस दिन यह खबर मिली कि ‘लता ने आत्महत्या कर ली,’ सहसा विश्वास ही नहीं हुआ कि यह बात सच भी हो सकती है. क्योंकि दीदी कायर कदापि नहीं थीं. शादी के बाद, उन के पहले 3-4 साल अच्छे बीते. शरद जीजाजी और दीदी दोनों भोपाल में कार्यरत थे. जीजाजी बैंक में सहायक प्रबंधक हैं. दीदी शादी के पहले से ही सूचना एवं प्रसार कार्यालय में स्टैनोग्राफर थीं. लता

Hindi Family Story Big Brother Part 1 to 3

  Hindi kahani big brother बड़े भैया-भाग 1: स्मिता अपने भाई से कौन सी बात कहने से डर रही थी जब एक दिन अचानक स्मिता ससुराल को छोड़ कर बड़े भैया के घर आ गई, तब भैया की अनुभवी आंखें सबकुछ समझ गईं. अश्विनी कुमार भटनागर बड़े भैया ने घूर कर देखा तो स्मिता सिकुड़ गई. कितनी कठिनाई से इतने दिनों तक रटा हुआ संवाद बोल पाई थी. अब बोल कर भी लग रहा था कि कुछ नहीं बोली थी. बड़े भैया से आंख मिला कर कोई बोले, ऐसा साहस घर में किसी का न था. ‘‘क्या बोला तू ने? जरा फिर से कहना,’’ बड़े भैया ने गंभीरता से कहा. ‘‘कह तो दिया एक बार,’’ स्मिता का स्वर लड़खड़ा गया. ‘‘कोई बात नहीं,’’ बड़े भैया ने संतुलित स्वर में कहा, ‘‘एक बार फिर से कह. अकसर दूसरी बार कहने से अर्थ बदल जाता है.’’ स्मिता ने नीचे देखते हुए कहा, ‘‘मुझे अनिमेष से शादी करनी है.’’ ‘‘यह अनिमेष वही है न, जो कुछ दिनों पहले यहां आया था?’’ बड़े भैया ने पूछा. ‘‘जी.’’ ‘‘और वह बंगाली है?’’ बड़े भैया ने एकएक शब्द पर जोर देते हुए पूछा. ‘‘जी,’’ स्मिता ने धीमे स्वर में उत्तर दिया. ‘‘और हम लोग, जिस में तू भी शामिल है, शुद्ध शाकाहारी हैं. वह बंगाली तो अवश्य ही

Maa Ki Shaadi मां की शादी- भाग 1: समीर अपनी बेटी को क्या बनाना चाहता था?

मां की शादी- भाग 1: समीर अपनी बेटी को क्या बनाना चाहता था? मां की शादी- भाग 1: समीर अपनी बेटी को क्या बनाना चाहता था? समीर की मृत्यु के बाद मीरा के जीवन का एकमात्र मकसद था समीरा को सुखद भविष्य देना. लेकिन मीरा नहीं जानती थी कि समीरा भी अपनी मां की खुशियों को नए पंख देना चाहती थी. संध्या समीर और मैं ने, परिवारों के विरोध के बावजूद प्रेमविवाह किया था. एकदूसरे को पा कर हम बेहद खुश थे. समीर बैंक मैनेजर थे. बेहद हंसमुख एवं मिलनसार स्वभाव के थे. मेरे हर काम में दिलचस्पी तो लेते ही थे, हर संभव मदद भी करते थे, यहां तक कि मेरे कालेज संबंधी कामों में भी पूरी मदद करते थे. कई बार तो उन के उपयोगी टिप्स से मेरे लेक्चर में नई जान आ जाती थी. शादी के 4 वर्षों बाद मैं ने प्यारी सी बिटिया को जन्म दिया. उस के नामकरण के लिए मैं ने समीरा नाम सुझाया. समीर और मीरा की समीरा. समीर प्रफुल्लित होते हुए बोले, ‘‘यार, तुम ने तो बहुत बढि़या नामकरण कर दिया. जैसे यह हम दोनों का रूप है उसी तरह इस के नाम में हम दोनों का नाम भी समाहित है.’’ समीरा को प्यार से हम सोमू पुकारते, उस के जन्म के बाद मैं ने दोनों परिवारों मे