सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

News In Hindi Apple IPhone SE 2 2020 Price | Specification अब तक का सबसे सस्ता आईफोन!


 अब तक का सबसे सस्ता आईफोन!
News In Hindi अब तक का सबसे सस्ता आईफोन!

Apple iPhone SE 2 हुआ लॉन्च, यह है अब तक का सबसे सस्ता आईफोन!


एपल ने आखिरकार अपने आईफोन iPhone SE 2 को लॉन्च कर दिया है जो कि आईफोन एसई का अपग्रेडेड वर्जन है।नए आईफोन में 4.7 इंच की रेटिना डिस्प्ले दी गई है। इसके अलावा इसमें रियर पैनल पर सिंगल कैमरा सेटअप दिया गया है। एपल ने अपने इस सस्ते आईफोन में लेटेस्ट और दमदार प्रोसेसर A13 बायोनिक दिया है। आईफोन एसई को लेकर एपल का कहना है कि सिंगल कैमरे वाला यह सबसे दमदार आईफोन है।

iPhone SE 2 की स्पेसिफिकेशन
एपल ने अपने इस नए iPhone SE 2 में 4.7 इंच की रेटिना एचडी डिस्प्ले दी है जिसके साथ एचडीआर 10 प्लेबैक और डॉल्बी विजन का सपोर्ट है। इसके अलावा इसमें टच आईडी दी गई है। iPhone SE 2 में A13 बायोनिक प्रोसेसर है। इसमें सिंगल रियर कैमरा सेटअप दिया गया है जो कि 12 मेगापिक्सल का है और इसका अपर्चर F/1.8 है। कैमरे से आप 4के वीडियोग्राफी भी कर सकते हैं। सेल्फी के लिए इसमें 7 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा दिया गया है।

कैमरे के साथ एचडीआर और पोट्रेट जैसे फीचर्स मिलेंगे। यह फोन वाटर और डस्टप्रूफ है। इसके लिए नए आईफोन को आईपी 67 की रेटिंग मिली है। iPhone SE 2 ब्लैक, व्हाइट और रेड कलर वेरियंट में मिलेगा। कंपनी ने कहा है कि आईफोन एसई 2 में दमदार बैटरी दी गई है।

फोन की बॉडी ग्लास और एयरोस्पेस ग्रेड एल्यूमिनियम की बनी है। फोन में वायरलेस चार्जिंग का भी सपोर्ट है। दावा है कि iPhone SE 2 की बैटरी 30 मिनट में 50 फीसदी तक चार्ज हो जाएगी, हालांकि इसके लिए अलग से 18 वॉट का चार्जर खरीदना होगा जिसे भी कंपनी ने पेश किया है।

फोन में डुअल सिम का सपोर्ट है जिनमें से एक सिम ई-सिम होगा। यह फोन 64 जीबी, 128 जीबी और 256 जीबी स्टोरेज वेरियंट में मिलेगा। फोन की शुरुआती कीमत 42,500 रुपये है यानी इस कीमत में आपको 64 जीबी स्टोरेज वाला वेरियंट मिलेगा। आईफोन एसई 2 की डिजाइन काफी हद तक आईफोन 8 की तरह है। फोन के बिक्री की तारीख के बारे में जानकारी फिलहाल नहीं है।

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

एक दिन अचानक हिंदी कहानी, Hindi Kahani Ek Din Achanak

एक दिन अचानक दीदी के पत्र ने सारे राज खोल दिए थे. अब समझ में आया क्यों दीदी ने लिखा था कि जिंदगी में कभी किसी को अपनी कठपुतली मत बनाना और न ही कभी खुद किसी की कठपुतली बनना. Hindi Kahani Ek Din Achanak लता दीदी की आत्महत्या की खबर ने मुझे अंदर तक हिला दिया था क्योंकि दीदी कायर कदापि नहीं थीं. फिर मुझे एक दिन दीदी का वह पत्र मिला जिस ने सारे राज खोल दिए और मुझे परेशानी व असमंजस में डाल दिया कि क्या दीदी की आत्महत्या को मैं यों ही व्यर्थ जाने दूं? मैं बालकनी में पड़ी कुरसी पर चुपचाप बैठा था. जाने क्यों मन उदास था, जबकि लता दीदी को गुजरे अब 1 माह से अधिक हो गया है. दीदी की याद आती है तो जैसे यादों की बरात मन के लंबे रास्ते पर निकल पड़ती है. जिस दिन यह खबर मिली कि ‘लता ने आत्महत्या कर ली,’ सहसा विश्वास ही नहीं हुआ कि यह बात सच भी हो सकती है. क्योंकि दीदी कायर कदापि नहीं थीं. शादी के बाद, उन के पहले 3-4 साल अच्छे बीते. शरद जीजाजी और दीदी दोनों भोपाल में कार्यरत थे. जीजाजी बैंक में सहायक प्रबंधक हैं. दीदी शादी के पहले से ही सूचना एवं प्रसार कार्यालय में स्टैनोग्राफर थीं.

Hindi Family Story Big Brother Part 1 to 3

  Hindi kahani big brother बड़े भैया-भाग 1: स्मिता अपने भाई से कौन सी बात कहने से डर रही थी जब एक दिन अचानक स्मिता ससुराल को छोड़ कर बड़े भैया के घर आ गई, तब भैया की अनुभवी आंखें सबकुछ समझ गईं. अश्विनी कुमार भटनागर बड़े भैया ने घूर कर देखा तो स्मिता सिकुड़ गई. कितनी कठिनाई से इतने दिनों तक रटा हुआ संवाद बोल पाई थी. अब बोल कर भी लग रहा था कि कुछ नहीं बोली थी. बड़े भैया से आंख मिला कर कोई बोले, ऐसा साहस घर में किसी का न था. ‘‘क्या बोला तू ने? जरा फिर से कहना,’’ बड़े भैया ने गंभीरता से कहा. ‘‘कह तो दिया एक बार,’’ स्मिता का स्वर लड़खड़ा गया. ‘‘कोई बात नहीं,’’ बड़े भैया ने संतुलित स्वर में कहा, ‘‘एक बार फिर से कह. अकसर दूसरी बार कहने से अर्थ बदल जाता है.’’ स्मिता ने नीचे देखते हुए कहा, ‘‘मुझे अनिमेष से शादी करनी है.’’ ‘‘यह अनिमेष वही है न, जो कुछ दिनों पहले यहां आया था?’’ बड़े भैया ने पूछा. ‘‘जी.’’ ‘‘और वह बंगाली है?’’ बड़े भैया ने एकएक शब्द पर जोर देते हुए पूछा. ‘‘जी,’’ स्मिता ने धीमे स्वर में उत्तर दिया. ‘‘और हम लोग, जिस में तू भी शामिल है, शुद्ध शाकाहारी हैं. वह बंगाली तो अवश्य ही

Maa Ki Shaadi मां की शादी- भाग 1: समीर अपनी बेटी को क्या बनाना चाहता था?

मां की शादी- भाग 1: समीर अपनी बेटी को क्या बनाना चाहता था? मां की शादी- भाग 1: समीर अपनी बेटी को क्या बनाना चाहता था? समीर की मृत्यु के बाद मीरा के जीवन का एकमात्र मकसद था समीरा को सुखद भविष्य देना. लेकिन मीरा नहीं जानती थी कि समीरा भी अपनी मां की खुशियों को नए पंख देना चाहती थी. संध्या समीर और मैं ने, परिवारों के विरोध के बावजूद प्रेमविवाह किया था. एकदूसरे को पा कर हम बेहद खुश थे. समीर बैंक मैनेजर थे. बेहद हंसमुख एवं मिलनसार स्वभाव के थे. मेरे हर काम में दिलचस्पी तो लेते ही थे, हर संभव मदद भी करते थे, यहां तक कि मेरे कालेज संबंधी कामों में भी पूरी मदद करते थे. कई बार तो उन के उपयोगी टिप्स से मेरे लेक्चर में नई जान आ जाती थी. शादी के 4 वर्षों बाद मैं ने प्यारी सी बिटिया को जन्म दिया. उस के नामकरण के लिए मैं ने समीरा नाम सुझाया. समीर और मीरा की समीरा. समीर प्रफुल्लित होते हुए बोले, ‘‘यार, तुम ने तो बहुत बढि़या नामकरण कर दिया. जैसे यह हम दोनों का रूप है उसी तरह इस के नाम में हम दोनों का नाम भी समाहित है.’’ समीरा को प्यार से हम सोमू पुकारते, उस के जन्म के बाद मैं ने दोनों परिवारों मे